उत्तराखण्डदेहरादून

उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग  के अध्यक्ष राकेश शर्मा ने कहा पीसीएस मुख्य परीक्षा 2021 का आयोजन किया गया सफलतापूर्वक, इन परीक्षाओं की निरंतरता बनाए रखने पर दिया जा रहा जोर

देहरादून। उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. राकेश कुमार  ने बताया  कि आयोग द्वारा हाल ही में पीसीएस मुख्य परीक्षा 2021 का आयोजन  23 से 26 फरवरी,  तक सफलतापूर्वक किया गया है।  यह पीसीएस परीक्षा 2021 के अन्तर्गत शासन से प्राप्त अधियाचन के सापेक्ष 318 रिक्त पदों  के लिए  कुल 256935 आवेदन पत्र प्राप्त हुए थे। इसके  लिए प्रारम्भिक परीक्षा दिनांक 03 अप्रैल 2022 में आयोजित की गई थी। जिसके आधार पर 5636 अभ्यर्थियों को मुख्य परीक्षा हेतु सफल घोषित किया गया। मुख्य परीक्षा में 4115 अभ्यर्थियों द्वारा प्रतिभाग किया गया, जिनका उपस्थिति प्रतिशत 73.01 फीसदी  रहा है। इससे पूर्व पीसीएस परीक्षा-2016, जिसमें 138 पदों के सापेक्ष मुख्य परीक्षा माह सितम्बर, 2017 में आयोजित की गई थी तथा मुख्य परीक्षा में कुल 1912 अभ्यर्थियों के सापेक्ष 1458 अभ्यर्थियों द्वारा प्रतिभाग किया गया था, जिनका उपस्थिति का प्रतिशत 76.25% रहा था। इससे यह प्रतीत होता है कि दो पीसीएस मुख्य परीक्षाओं के आयोजन के बीच 05 वर्ष से अधिक का समय लगा है। आयोग के अध्यक्ष डॉ. कुमार द्वारा पीसीएस परीक्षाओं के आयोजन में निरन्तरता बनाये रखने पर जोर दिया जा रहा है।
इस परिप्रेक्ष्य में डॉ० कुमार  ने बताया  कि दो पीसीएस परीक्षाओं के आयोजन के बीच समय अन्तराल को न्यूनतम करने  के लिए  आयोग द्वारा यह निर्णय लिया गया है कि अभ्यर्थियों को राज्य सिविल सेवा के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने के दृष्टिगत अब पीसीएस परीक्षा का आयोजन प्रतिवर्ष कराया जाना सुनिश्चित किया जाएगा और इसकी शुरूआत करते हुए आगामी पीसीएस प्रारम्भिक परीक्षा 2023 को माह जुलाई 2023 में कराया जाना प्रस्तावित किया गया है तथा शासन से प्राप्त होने वाले पीसीएस- 2023 के अधियाचन की प्रत्याशा में परीक्षा कलेण्डर वर्ष 2023 में इसे सम्मिलित किया गया है।
साथ ही आगामी पीसीएस परीक्षा 2023 से परीक्षा पाठ्यक्रम को संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा के पैटर्न के अनुसार करते हुए आयोग द्वारा परीक्षा पाठ्यक्रम को अनुमोदन प्रदान कर दिया गया है और इसकी संस्तुति उत्तराखण्ड शासन को हाल ही में प्रेषित कर दी गई है। उक्त अनुमोदित परीक्षा पाठ्यक्रम पैटर्न से उत्तराखण्ड राज्य के युवाओं को राज्य सिविल सेवा के साथ-साथ अखिल भारतीय सिविल सेवा की तैयारी करने में भी महत्वपूर्ण मदद मिलेगी।
इसके साथ-साथ आयोग द्वारा समानान्तर तौर पर अन्य परीक्षाओं का आयोजन सुनिश्चित किया जा रहा है, जिसके अन्तर्गत दिनांक 05 मार्च, 2023 को कनिष्ठ सहायक परीक्षा का आयोजन राज्य के लगभग 412 परीक्षा केन्द्रों पर किया जाएगा, जिसमें 145239 परीक्षार्थियों द्वारा प्रतिभाग किया जाना है तथा माह अप्रैल में दिनांक 09 अप्रैल, 2023 को वन आरक्षी परीक्षा 617 परीक्षा केन्द्रों पर आयोजित की जाएगी, जिसमें 206431 परीक्षार्थी होंगे एवं दिनांक 23 अप्रैल, 2023 को सहायक लेखाकार परीक्षा का आयोजन किया जाएगा। इसी प्रकार उत्तराखण्ड न्यायिक सेवा (सिविल जज) परीक्षा 2023  के लिए इसी  माह फरवरी,  में ही रिक्ति विज्ञापन जारी करते हुए  30 अप्रैल  को प्रारम्भिक परीक्षा आयोजन किया जाना प्रस्तावित किया गया है। उक्त सभी परीक्षाओं के कुशलतापूर्वक सम्पादन  के लिए  युद्ध स्तर पर तैयारी गतिमान है।
साथ ही उत्तराखण्ड सरकार  की और से  उत्तराखण्ड की अधिवासित महिलाओं  के लिए  क्षैतिज आरक्षण के सम्बन्ध में जो “उत्तराखण्ड लोक सेवा ( महिलाओं के लिए क्षैतिज आरक्षण) अधिनियम, 2022 जारी किया गया है, उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग द्वारा समस्त परीक्षाओं में उसका नियमानुसार अनुपालन सुनिश्चित किया जा रहा है।

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