फिक्की फ्लो उत्तराखंड चैप्टर चेयरपर्सन डॉ गीता खन्ना ने कहा – भारत के विकास में मील का पत्थर साबित होगा जीएसटी का नया स्लैब

फिक्की फ्लो उत्तराखंड चैप्टर चेयरपर्सन ने कहा -आम लोगों को मिलेगी बड़ी राहत,
फिक्की फ्लो ने केंद्र सरकार के फैसले पर खुशी जाहिर कर प्रधानमंत्री मोदी का जताया आभार
देहरादून। फिक्की फ्लो उत्तराखंड चैप्टर चेयरपर्सन डॉ गीता खन्ना ने कहा कि जिस तरह से केंद्र सरकार ने जीएसटी के लिए ऐतिहासिक कदम उठाया है ,इससे आम लोगों को काफी फायदा पहुंचाने जा रहा है। खासतौर से मिडिल क्लास के महिलाओं को भी इसका फायदा मिलेगा । केंद्र सरकार का फैसला ऐतिहासिक है ।आने वाले त्योहारों के सीजन में आम लोगों को इससे काफी राहत मिलेगी।
उन्होंने कहा कि जीएसटी में हालिया छूट से आम लोगों और उद्योगों दोनों को फायदा होने जा रहा है । उन्होंने कहा कि ये बदलाव 22 सितंबर 2025 से लागू होंगे।डॉ गीता खन्ना ने कहा कि आम लोगों को फायदा होगा। रोजमर्रा के सामान सस्ते हो जायेगे ।कई आवश्यक वस्तुओं पर जीएसटी दरें कम कर दी गई हैं, जिससे वे अधिक किफायती हो गई हैं।स्वास्थ्य सेवा में राहत मिलेगी। 33 जीवनरक्षक दवाएं और व्यक्तिगत स्वास्थ्य एवं जीवन बीमा अब जीएसटी मुक्त हो गए हैं।
उपभोक्ता टिकाऊ वस्तुओं पर जीएसटी दर 28 फीसदी से घटाकर 18 फीसदी कर दी गई है, जो एक बड़ी राहत है। दोपहिया वाहन और छोटी कारें भी अब 18 फीसदी जीएसटी के दायरे में आ गई हैं, जिससे वे सस्ती हो जाएंगी।डॉ गीता खन्ना ने कहा कि
ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक जैसे क्षेत्रों में उपभोक्ता वस्तुओं पर टैक्स कम होने से बिक्री बढ़ने की संभावना है, जिससे त्योहारी सीजन में रिकॉर्ड 60 फीसदी की वृद्धि का अनुमान है।
उन्होंने कहा कि टैक्स आधार बढ़ने और चोरी रोकने के उपायों से सरकार के राजस्व संग्रह में वृद्धि हुई है। टैक्स कम होने से भारतीय उत्पाद वैश्विक स्तर पर अधिक प्रतिस्पर्धी बनेंगे।
चेयरपर्सन फिक्की फ्लो उत्तराखंड चैप्टर डॉ गीता खन्ना ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जिस तरह से आम लोगों को जीएसटी में छूट करके राहत पहुंचाने की निर्णय किया गया है यह सराहनीय है।त्योहारों से पहले राहत देने की कोशिश की गई है।ये कटौतियां त्योहारी सीजन से पहले उपभोक्ताओं को बड़ी राहत देंगी।
उन्होंने कहा कि
केंद्र सरकार द्वारा घोषित ऐतिहासिक जीएसटी सुधार का स्वागत किया है कर स्लैब को तर्कसंगत बनाने, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे आवश्यक क्षेत्रों को छूट देने तथा प्रमुख वस्तुओं और सेवाओं पर कर दरों को कम करने से यह सुधार सीधे तौर पर लोगों को लाभ पहुंचाएगा—घर-परिवार का खर्च घटेगा और जीवन व स्वास्थ्य बीमा और अधिक किफायती होगा।
उद्योगों के लिए, विशेषकर एमएसएमई और स्टार्टअप्स के लिए, सरल अनुपालन, तेज़ रिफंड और कम कर दरें परिचालन चुनौतियों को कम करेंगी, तरलता बढ़ाएँगी और ‘ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस’ का सशक्त माहौल तैयार करेंगी।
महिलाओं के लिए यह सुधार विशेष रूप से महत्वपूर्ण है—सस्ती स्वास्थ्य सेवाएँ, शिक्षा, बीमा और रोज़मर्रा की आवश्यक वस्तुएँ उन्हें आर्थिक रूप से मज़बूत बनाएँगी। साथ ही, महिला उद्यमियों और छोटे व्यवसायों को कर सरलीकरण और तरलता का लाभ मिलेगा, जिससे वे अपने व्यवसाय को और अधिक विस्तार दे सकेंगी।
इस प्रकार जीएसटी 2.0 जन-हितैषी, उद्योग-हितैषी और महिला-हितैषी सुधार है जो उपभोक्ता विश्वास को मजबूत करेगा, महिलाओं और उद्यमियों को सशक्त बनाएगा और भारत की विकास गाथा को आगे बढ़ाएगा।





