एसटीएफ का बड़ा एक्शन – दून में हाईटेक नकल माफिया का भंडाफोड़, , एमकेपी कॉलेज के सेंटर में मिला गुप्त तहखाना, जमीन के नीचे से हैक हो रहे थे कंप्यूटर, 2 गिरफ्तार

अभ्यर्थी से परीक्षा पास कराने के बदले 10-10 लाख रुपये की मोटी रकम वसूलता था गिरोह
देहरादून। राजधानी देहरादून में परीक्षा माफियाओं ने धोखाधड़ी का ऐसा ‘पाताल लोक’ बनाया जिसे देखकर एसटीएफ के अधिकारी भी दंग रह गए। शुक्रवार को उत्तराखंड और यूपी एसटीएफ की संयुक्त टीम ने एमकेपी इंटर कॉलेज स्थित ‘महादेव डिजिटल जोन’ सेंटर पर छापेमारी कर एसएससी मल्टी-टास्किंग परीक्षा में चल रहे हाईटेक नकल के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया। पत्रकारों से बातचीत करते हुए आईजी निलेश भरणे ने कहा कि नकल का यह तरीका किसी फिल्मी साजिश से कम नहीं था। सेंटर के यूपीएस रूम के भीतर जमीन खोदकर एक गुप्त चैंबर (गड्ढा) बनाया गया था। इस तहखाने के अंदर बैठकर गिरोह के गुर्गे लैपटॉप के जरिए अभ्यर्थियों के कंप्यूटर सिस्टम का रिमोट एक्सेस लेते थे और बाहर से पेपर हल करते थे।पकड़े गए आरोपियों की पहचान नीतिश कुमार और भास्कर नैथानी के रूप में हुई है। पूछताछ में सामने आया है कि यह गिरोह एक अभ्यर्थी से परीक्षा पास कराने के बदले 10-10 लाख रुपये की मोटी रकम वसूलता था। मौके से भारी मात्रा में लैपटॉप, राउटर और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद हुए हैं। आरोपियों पर उत्तराखंड के कठोर नकल विरोधी कानून के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। महादेव डिजिटल जोन सेंटर को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया है।आईजी नीलेश भरणे ने बताया कि यूपी और उत्तराखंड एसटीएफ की सटीक सूचना पर यह कामयाबी मिली।परीक्षा केंद्रों में इस तरह की सुरंग या चैंबर बनाकर नकल करना तकनीकी रूप से गंभीर मामला है। जांच की जा रही है कि इस खेल में सेंटर संचालक और अन्य कितने लोग शामिल हैं।





