उत्तराखंड के कई जनपदों में मंगलवार को भारी बारिश की चेतावनी,चौबीस घंटे अलर्ट पर रहें क्विक रिस्पांस टीमेंः वीके सुमन

सचिव आपदा प्रबंधन ने सभी तैयारियां पूरी रखने दिए निर्देश,
टिहरी, देहरादून, पौड़ी और बागेश्वर के लिए रेड अलर्ट तथा हरिद्वार, नैनीताल और चंपावत के लिए ऑरेंज अलर्ट घोषित
देहरादून। मौसम विभाग ने देहरादून सहित राज्य के कई जनपदों में अतिवृष्टि की चेतावनी जारी की है, इसलिए अलर्ट रहना आवश्यक है। वहीं मौसम विभाग ने टिहरी, देहरादून, पौड़ी और बागेश्वर के लिए रेड अलर्ट तथा हरिद्वार, नैनीताल और चंपावत के लिए ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है। इस संबंध में राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र से सभी जनपदों को पत्र जारी किया गया है। सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने सोमवार को राज्य में वर्तमान में हो रही वर्षा से उत्पन्न स्थिति का जायजा लिया तथा सभी जिला आपदा प्रबंधन अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि जनता को राशन, दवा, पेयजल तथा अन्य आवश्यक सेवाओं की कोई कमी न हो। प्रभावित क्षेत्रों में इन सेवाओं की निरंतर आपूर्ति प्राथमिकता से की जाए। इस अवसर पर अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी प्रशासन आनंद स्वरूप, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी डीआईजी राजकुमार नेगी, संयुक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी मो. ओबैदुल्लाह अंसारी, ड्यूटी अधिकारी अनु सचिव विकास कुमार श्रीवास्तव, यूएसडीएमए के विशेषज्ञ मौजूद थे।
आवागमन पर निरंतर लें अपडेट
देहरादून। सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने प्रदेश में अवरुद्ध मार्गों की भी जानकारी ली। उन्होंने निर्देशित किया कि सभी अवरुद्ध मार्गों को जल्द से जल्द सुचारु किया जाए और जनता को सड़कों की स्थिति से अवगत कराया जाए ताकि लोग मार्गों की स्थिति के अनुसार ही आवागमन करें।
पावर हाउस की विशेष निगरानी के निर्देश
सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने पावर हाउसों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां-जहां पावर हाउस है, वहां यदि पानी भरने की आशंका हो तो बिजली आपूर्ति को समय रहते बंद कर दिया जाए ताकि जन और धन की हानि रोकी जा सके।
क्विक रिस्पांस टीमों को 24 घंटे अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश
सचिव विनोद कुमार सुमन ने जनपद स्तरीय सभी अधिकारियों व आपदा से जुड़ी क्विक रिस्पांस टीमों को 24 घंटे अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने क्विक रिस्पांस टीमों को जलभराव की स्थिति में तत्काल मौके पर भेजने और त्वरित जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
यूएसडीएमए ने की नागरिकों से अपील
• मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों को पूरी गंभीरता से लें।
• किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और केवल प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें।
• नदी किनारे न जाएं, जलभराव वाले क्षेत्रों में ना रुकें, अनावश्यक यात्रा से बचें और आसपास किसी खतरे की आशंका हो तो तुरंत स्थानीय प्रशासन को सूचित करें।
• भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में संभलकर वाहन चलाएं।
• किसी आपात स्थिति में कॉल करें 112, 1070, 1077
• मार्ग बंद होने पर सुरक्षित स्थान पर रुक जाएं और मार्ग खुलने पर ही आगे बढ़ें।
• बरसाती नालों-रपटों में पानी के तेज बहाव के दौरान वाहन न चलाएं।





