उत्तराखण्डदेहरादून
कैबिनेट मंत्री जोशी के अधिवक्ता ने शिकायतकर्ता पर की कानूनी कार्रवाई की मांग,न्यायालय में याचिका की गई दाखिल ,आरोपों को बताया निराधार

पंकज क्षेत्री पर मुकदमा दर्ज करने की मांग
देहरादून।कांग्रेस नेता पंकज क्षेत्री द्वारा कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी के खिलाफ आय से अधिक सम्पत्ति मामले में विजिलेंस कोर्ट में की गयी शिकायत के विरुद्ध बुधवार को मंत्री के अधिवक्ता पंकज सुंदरियाल की ओर से कांग्रेस नेता पंकज क्षेत्री के खिलाफ न्यायालय में एक शिकायत याचिका दाखिल की गई है। अधिवक्ता पंकज सुंदरियाल ने बताया कि पंकज क्षेत्री द्वारा न्यायालय के समक्ष झूठी शिकायत और फर्जी साक्ष्य प्रस्तुत किए गए थे, जिसके खिलाफ यह शिकायत दर्ज कराकर मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है।
अधिवक्ता का कहना है कि पंकज क्षेत्री ने आरोप लगाया था कि गणेश जोशी के पुत्र और पुत्री उन पर आश्रित हैं, जबकि यह तथ्य पूरी तरह असत्य है। गणेश जोशी की पुत्री का विवाह वर्ष 2015 में हो चुका है और उनके दामाद मर्चेंट नेवी में कैप्टन हैं। वहीं उनके पुत्र वर्ष 2008 में शिपिंग कम्पनी में थे और अब अपनी एक स्वतंत्र कंपनी संचालित करते हैं।
अधिवक्ता ने यह भी स्पष्ट किया कि इन्हीं बिंदुओं पर दो वर्ष पहले विकेश नेगी द्वारा भी शिकायत की गई थी, जिसे न्यायालय खारिज कर चुका है। कानून के अनुसार एक ही विषय पर बार-बार शिकायतें नहीं चलाई जा सकतीं। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दुर्भावना को देखते हुए यह झूठी शिकायत दर्ज कराई गई थी।
देहरादून।कांग्रेस नेता पंकज क्षेत्री द्वारा कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी के खिलाफ आय से अधिक सम्पत्ति मामले में विजिलेंस कोर्ट में की गयी शिकायत के विरुद्ध बुधवार को मंत्री के अधिवक्ता पंकज सुंदरियाल की ओर से कांग्रेस नेता पंकज क्षेत्री के खिलाफ न्यायालय में एक शिकायत याचिका दाखिल की गई है। अधिवक्ता पंकज सुंदरियाल ने बताया कि पंकज क्षेत्री द्वारा न्यायालय के समक्ष झूठी शिकायत और फर्जी साक्ष्य प्रस्तुत किए गए थे, जिसके खिलाफ यह शिकायत दर्ज कराकर मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है।
अधिवक्ता का कहना है कि पंकज क्षेत्री ने आरोप लगाया था कि गणेश जोशी के पुत्र और पुत्री उन पर आश्रित हैं, जबकि यह तथ्य पूरी तरह असत्य है। गणेश जोशी की पुत्री का विवाह वर्ष 2015 में हो चुका है और उनके दामाद मर्चेंट नेवी में कैप्टन हैं। वहीं उनके पुत्र वर्ष 2008 में शिपिंग कम्पनी में थे और अब अपनी एक स्वतंत्र कंपनी संचालित करते हैं।
अधिवक्ता ने यह भी स्पष्ट किया कि इन्हीं बिंदुओं पर दो वर्ष पहले विकेश नेगी द्वारा भी शिकायत की गई थी, जिसे न्यायालय खारिज कर चुका है। कानून के अनुसार एक ही विषय पर बार-बार शिकायतें नहीं चलाई जा सकतीं। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दुर्भावना को देखते हुए यह झूठी शिकायत दर्ज कराई गई थी।





